Sarva Pitru Amavasya 2020 कौन कर सकता है तर्पण, पिंडदान: जानिए मोक्षदायिनी सर्वपितृ अमावस्या का महत्‍व, श्राद्ध विधि और पितृ दोष से मुक्ति उपाय

Sarva Pitru Amavasya 2020: भाद्रपद पूर्णिमा के दिन से शुरू हुए पितृपक्ष का समापन 17 सितंबर 2020 के दिन आश्विन माह की अमावस्या (सर्वपितृ अमावस्या) को होगा। हिन्दू शास्त्रों के मुताबिक जो कोई अपने पितर (पितरों) का श्राद्ध पितृपक्ष में ना कर पाया हो या श्राद्ध की तिथि मालूम ना हो, तो वह सर्वपितृ अमावस्या को अपने ज्ञात-अज्ञात सभी […]

Sarva Pitru Amavasya 2019: जानिए मोक्षदायिनी सर्वपितृ अमावस्या का महत्‍व और श्राद्ध विधि

Sarva Pitru Amavasya 2019: भाद्रपद पूर्णिमा के दिन 13 सितंबर 2019 से शुरू हुए पितृपक्ष का समापन 28 सितंबर 2019 के दिन आश्विन माह की अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या के साथ होगा। 20 साल बाद इस बार सर्व पितृमोक्ष अमावस्या शनिवार के दिन रहेगी। सर्वपितृ अमावस्या के दिन शनिवार का महासंयोग अत्यंत सौभाग्यशाली है। हिन्दू शास्त्रों के मुताबिक जो कोई […]

मोक्षदायिनी सर्वपितृ अमावस्या का महत्व, मिलेगा समस्त पितरों का आशीष

सर्वपितृ अमावस्या के दिन ही सोमवती अमावस्या का महासंयोग बन रहा है यह अत्यंत सौभाग्यशाली संकेत है। 24 सितंबर 2018 से शुरू हुए पितृपक्ष का समापन 8 अक्टूबर 2018 के दिन आश्विन माह की कृष्ण अमावस्या को सर्वपितृ अमावस्या के साथ होगा। हिन्दू शास्त्रों के मुताबिक जो कोई अपने पितर (पितरों) का श्राद्ध पितृपक्ष में ना […]

Jyeshtha Amavasya 2026: शनिवार और ज्येष्ठ अमावस्या का योग; जानिए ज्येष्ठ अमावस्या महत्व और पितृदोष दूर करने के लिए उपाय

Jyeshtha Amavasya 2026: ज्येष्ठ माह की अमावस्या (Jyeshtha Amavasya) तिथि का बड़ा ही धार्मिक महत्व है। हिंदू कैलेंडर के अनुसार इस साल ज्येष्ठ मास की अमावस्या तिथि शनिवार के दिन पड़ रही है, इसलिए यह शनि अमावस्या कहलाएगी। धार्मिक मान्यता है कि इस बार अमावस्या और शनिवार का योग होने से इस पर्व का महत्व और […]

Mauni Amavasya 2026: क्यों रखा जाता है इस अमावस्या पर मौन? जानिये माघी अमावस्या का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व, पितृ दोष से मुक्ति उपाय

Mauni Amavasya 2026:  माघ महीने की अमावस्या को मौनी अमावस्या (माघी अमावस्या) के नाम से जाना जाता है। हिंदू पंचांग में इस अमावस्या को आध्यात्मिक शुद्धि और पितृ तृप्ति का विशेष पर्व माना जाता है। इस दिन दान पुण्य का विशेष महत्व होता है। इस दिन व्रती को मौन रखकर संयमपूर्वक व्रत करने का विधान […]

Mauni Amavasya 2025: मौनी अमावस्या पर क्यों रखा जाता है मौन? जानिये क्या है माघी अमावस्या का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व, पितृ दोष से मुक्ति उपाय

Mauni Amavasya 2025:  माघ महीने की अमावस्या को मौनी अमावस्या (माघी अमावस्या) के नाम से जाना जाता है। इस अमावस्या का बहुत महत्व होता है। इस दिन दान पुण्य का विशेष महत्व होता है। इस दिन व्रती को मौन रखकर संयमपूर्वक व्रत करने का विधान बताया जाता है, इसी कारण यह अमावस्या मौनी अमावस्या कहलाती […]

Hariyali Amavasya 2022: सावन अमावस्या पर राशि के अनुसार लगाएं पौधे पितृदेव होंगे प्रसन्न; जानिए हरियाली अमावस्या के दिन शिव जी की पूजा विधि, धार्मिक महत्व और किन उपायों से मिलेगी ग्रह दोष से मुक्ति

Hariyali Amavasya 2022: हिंदू धर्म में भगवान शिव को समर्पित सावन माह का विशेष महत्व बताया गया है। श्रावण मास की अमावस्या को श्रावण अमावस्या, श्रावणी अमावस्या, हरियाली अमावस्या, सावन अमावस्या भी कहते हैं। इस साल हरियाली अमावस्या 28 जुलाई दिन गुरुवार को है। इस अमावस्या पर शिवजी के साथ देवी पार्वती, गणेशजी, कार्तिकेय स्वामी और नंदी जी की विशेष […]

Jyeshtha Amavasya 2022: इस साल की अंतिम सोमवती अमावस्या; जानिए ज्येष्ठ अमावस्या तिथि, शुभ मुहूर्त, महत्व और पितृदोष दूर करने के लिए उपाय

Jyeshtha Amavasya 2022: ज्येष्ठ माह की अमावस्या (Jyeshtha Amavasya) तिथि का बड़ा ही धार्मिक महत्व है। हिंदू कैलेंडर के अनुसार ज्येष्ठ मास की अमावस्या सोमवार के दिन पड़ रही है, इसलिए यह सोमवती अमावस्या कहलाएगी। यह इस साल की आखिरी सोमवती अमावस्या (Somvati Amavasya) होगी। धार्मिक मान्यता है कि सोमवती अमावस्या का व्रत और पूजन करने […]

Shraaddh Vidhi: पितृपक्ष में कैसे करें श्राद्ध; जानिए पितृगण (पितरों) को तृप्त करने के लिए क्या करें, क्या ना करें?

Shraaddh Vidhi: पितरो के उद्देश्य से विधि पूर्वक जो कर्म श्रद्धा से किया जाता हैं, उसे श्राद्ध (Shraddh) कहते हैं। श्राद्ध का वर्णन मनुस्मृति आदि धर्मशास्त्रों ग्रंथो से प्राप्त किया जा सकता हैं। कर्मपुराण के अनुसार जो व्यक्ति शान्त मन होकर विधिपूर्वक श्राद्ध करता हैं, वह सभी पापों से रहित होकर मुक्ति को प्राप्त करता […]

Shradh Vidhi: जानिए पितृपक्ष में कैसे करे विधि विधान से श्राद्ध; पितरों (पूर्वजों) का आशीर्वाद प्राप्त करने के लिए क्या करें, क्या ना करें

Shradh Vidhi: भाद्रपद की शुल्क पक्ष की पूर्णिमा तिथि के दिन पितृ पक्ष यानि श्राद्ध पक्ष शुरू होते हैं, जो अमावस्या तक रहते हैं। सनातन धर्म में पितृ पक्ष को महत्वपूर्ण माना जाता है। पितृपक्ष के साथ पितरो को विशेष सम्बन्ध रहता हैं। विधि पूर्वक जो कर्म पितरो के उद्देश्य से श्रद्धा से किया जाता हैं, उसे श्राद्ध (Shradh) कहते हैं। पितृपक्ष में श्राद्ध करने […]